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आसमान मन में उतार ले

299.00

बृंदावन राय सरल

 

Book Size- A5

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Description

वर्तमान में हिंदी साहित्य में गीत विधा पर लिखने वाले लेखकों का संकट छाया हुआ है।आज जितने भी हिंदी के कवि लेखक हैं।सब ग़ज़ल की ओर भाग रहे हैं। हिंदी के गीतों ‌को लिखने वालों की आज आवश्यकता‌ है। मैंने इस कमी को ध्यान में रखते हुए ।आसमान मन में उतार ले,नाम के गीत संग्रह की रचना की है। जिसमें हिन्दी साहित्य की आत्मा गीतों पर कलम चलाई ‌है। जिसमें सामाजिक रिश्ते, सामाजिक सरोकारों से संदर्भित गीत, समाज की स्थिति, समाज में फैलते बिखराव, अराजकता, अपराधों में लिप्त जन प्रतिनिधि, प्रकृति के प्रतिकूल मौसम की बगावत, मानवता को लजाती जन प्रतिनिधियों की गतिविधियां,भविष्य की संभावनाएं, समाज में बुजुर्ग लोगों का, माता पिता का घटता सम्मान, जुल्म,शोषण, अत्याचार , में लिप्त हमारे समाज
के शरीफ पढ़ें लिखे, लोग,मरते अहसास, देश प्रेम से जुड़े गीत।समाज को चेतना प्रदान करते भाव से परिपूर्ण गीत, इसमें सम्मलित है।जो आप सबके मन को ज़रूर रास आएंगे।

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